Download Music Shayari, Status, Quotes

.

351 Stories

  • Popular Stories
  • Latest Stories

"आज बाईक 🏍 में पेट्रोल ⛽ डलवाने गया वहां देखा कि, लोग अपनी बीवी 👩 को पेट्रोल पंप के बाहर मोटरसाइकिल से उतार देते है, मैं सोचने लगा कि ऐसा क्यों करते है🤔 फिर मेरी नजर 👀वहाँ लगे बोर्ड पर पड़ी, और मैं लोटपोट होकर बहुत हँसा...😂 वहाँ लिखा था - आग 🔥 लगाने वाली चीजें दूर रखें😛😜😂"

आज बाईक 🏍 में पेट्रोल ⛽ डलवाने गया वहां देखा कि, लोग अपनी बीवी 👩 को पेट्रोल पंप के बाहर मोटरसाइकिल से उतार देते है, मैं सोचने लगा कि ऐसा क्यों करते है🤔 फिर मेरी नजर 👀वहाँ लगे बोर्ड पर पड़ी, और मैं लोटपोट होकर बहुत हँसा...😂 वहाँ लिखा था - आग 🔥 लगाने वाली चीजें दूर रखें😛😜😂

आज बाईक 🏍 में पेट्रोल ⛽ डलवाने गया वहां देखा कि, लोग अपनी बीवी 👩 को पेट्रोल पंप के बाहर मोटरसाइकिल से उतार देते है, मैं सोचने लगा कि ऐसा क्यों करते है🤔 फिर मेरी नजर 👀वहाँ लगे बोर्ड पर पड़ी, और मैं लोटपोट होकर बहुत हँसा...😂 वहाँ लिखा था - आग 🔥 लगाने वाली चीजें दूर रखें😛😜😂

449 Love
12 Share

"जब आपकी गलती हो तो गलती मानिये, इससे रिश्ते जल्दी नहीं टूटेंगे।"

जब आपकी गलती हो तो गलती मानिये, इससे रिश्ते जल्दी नहीं टूटेंगे।

जब आपकी गलती हो तो गलती मानिये, इससे रिश्ते जल्दी नहीं टूटेंगे।

431 Love
1 Share

"दिवाली रोज मनाएं फूलझड़ी फूल बिखेरे चकरी चक्कर खाए अनार उछला आसमान तक रस्सी-बम धमकाए सांप की गोली हो गई लम्बी रेल धागे पर दौड़ लगाए आग लगाओ रॉकेट को तो वो दुनिया नाप आए टिकड़ी के संग छोटे-मोटे बम बच्चों को भाए ऐसा लगता है दिवाली हम तुम रोज मनाएं। Happy Deepavali"

दिवाली रोज मनाएं फूलझड़ी फूल बिखेरे 
चकरी चक्कर खाए
अनार उछला आसमान तक रस्सी-बम धमकाए
सांप की गोली हो गई लम्बी रेल धागे पर दौड़ लगाए
आग लगाओ रॉकेट को तो वो दुनिया नाप आए
टिकड़ी के संग छोटे-मोटे बम बच्चों को भाए
ऐसा लगता है दिवाली हम तुम रोज मनाएं।

Happy Deepavali

#दीपावली

201 Love
1 Share

"अमेठी की ग्रामीण महिलाएं प्रियंका को बिना सिन्दूर, चूड़ी, मंगलसूत्र देख बोली ? हे राम,🤔 बेचारी भरी जवानी में ? 😢😢"

अमेठी की ग्रामीण महिलाएं 
प्रियंका को बिना 
सिन्दूर, चूड़ी, मंगलसूत्र देख 
बोली ? 
हे राम,🤔

बेचारी भरी जवानी में ? 😢😢

 

151 Love
5 Share

"बहारों के सपने। (पार्ट 10)"

बहारों के सपने।
(पार्ट 10)

"माँ, मुझे टीना पसँद है और टीना को में।"राहुल ने बाहर जा कर कह दिया।

सबके चेहरे पर यह सुन कर ख़ुशी आ गयी। मॉम ने खुश हो कर मुझे गले लगा लिया। पापा और राहुल के पापा भी एक दूसरे के गले लगे। राहुल की मॉम ने मेरे सर पर हाथ रखा और कहा,

"वेलकम टू धी फ़ैमिली, बेटा।"

"थैंक यू, आँटी।"

"आँटी नहीं अभी से माँ कहना शुरू कर दो।"

फिर राहुल और मैंने सबके पैर छुये। मॉम ने मिठाई ला कर रखी हुयी थी जिसे खा कर सबने मुँह मीठा किया। और इस तरह रिश्ता पक्का हो गया।

हमारे पेरेंट्स ने बैठ कर सगाई और शादी के बारे में बातें शुरू कर दी। जब राहुल ने कहा के कुछ दिन बाद सगाई और उसके महीने के बाद शादी करना अच्छा रहेगा तो मैंने भी हामी भर दी।

राहुल और उसके पेरेंट्स के जाने के बाद में अपने कमरे में आ गयी। मैंने साड़ी बदली और चेहरे से मेकअप उतारा। फिर में अपने बेड पर आ गयी और नॉवेल ले कर बैठ गयी। किताब तो खुली हुयी थी पर मेरा ध्यान उसमे नहीं था। सब कुछ जैसे पलक झबकते ही हो गया था। मेरी शादी तय हो गयी थी। और महीने - दो महीने में तो मेरी राहुल के साथ शादी भी हो जायेगी। और फिर मुझे घर छोड़ कर जाना पड़ेगा। यह सोच कर में थोड़ा उदास हो गयी। पर फिर मैंने सोचा की मेरी नयी ज़िन्दगी शुरू होनेवाली थी और मुझे खुश होना चाहिये। में और कुछ सोच पाती इससे पहले मॉम और पापा कमरे में आ गये।

***

"मेरी बेटी, खुश तो है ना?"पापा ने मुझसे पूछा।

"हाँ, पापा।"मैंने शरमाते हुये कहा।

"अरे! तुम तो शरमा गयी।"पापा हँसने लगे।

फिर में भी हँस दी और मॉम भी हँसने लगी। हम सब खुश थे।

"टीना, वक़्त बहुत कम है।"मॉम बोली।

"हाँ, हमें जल्दी तैयारी करनी होगी।"पापा ने कहा।

"सबसे पहले तो मुझे क्लासेज से छुट्टी लेनी होगी। और फिर मेरे फ्रेंड्स को भी बताना होगा।"मैंने कहा।

"हाँ, वह तो है।"मॉम ने कहा।

"तुम सबसे पहले क्लासेज में कॉल करो।"

"जी मॉम। अभी करती हूँ।"

मैंने जब क्लासेज में कॉल करा तो मेरे सर ने मुझे बधाई दी। और एक हफ्ते के बाद मुझे छुट्टी मिल जायेगी कहा।

फिर मैंने एक के बाद एक अपने सारे फ्रेंड्स को कॉल करनी शुरू करी। सबने मुझे बधाई दी। सब मेरे लिये खुश लग रहे थे सिवाय एक सचिन के। पर में उसे कुछ पूछ पाऊं उससे पहले उसने फ़ोन रख दिया।

सचिन का रवैया मुझे अजीब लगा। में सोच में पड़ गयी। मैंने सोचा उसे वापस कॉल करूँ पर तभी राहुल की कॉल आ गयी।

"कैसी है मेरी होनेवाली बीवी? मुझे याद कर रही है या नहीं?"

"में बिलकुल ठीक हूँ। और तुम कैसे हो?"मैंने पूछा।

"बस तुम्हे याद कर रहा हूँ।"राहुल ने कहा।

और फिर राहुल की रोमान्टिक बातें सुन कर मेरे ज़ेहन से सचिन को कॉल करने का ख्याल ना जाने कब चला गया।

129 Love
2 Share