Drishya Prerna

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वो भी कितनी नादान थी, मंजिल से मुहॉबात की खोज में निकली
और रास्तों से कभी ना बिछड़ने की चाह कर बैठी।
_दृष्या प्रेरणा
#रास्ता #Roadtrip #Road #nightphotography #nightLife #Beauty

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"Things are as easy when executed as difficult they seem to be when procastinated."

Things are as easy 
when executed
as difficult
 they seem to be 
when procastinated.

#DoIt

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"#SolarEclipse2019 Believing is hard sometimes, STILL YOU GOTTA GO THROUGH."

#SolarEclipse2019 Believing is hard sometimes,
STILL YOU GOTTA GO THROUGH.

#belife

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"तंग हाथों में सनसनी सी उठती हैं जरूरतें गीन कर, आंखें रोज आस में सो जाया करती हैं ख्वाहिशें बुन कर, यूं अदावती मिज़ाज में ये दुनियां नोट छीनती है, और फिर भूल जाया करती है हालात बता कर।"

तंग हाथों में सनसनी सी उठती हैं जरूरतें गीन कर,
आंखें रोज आस में सो जाया करती हैं ख्वाहिशें बुन कर,
यूं अदावती मिज़ाज में ये दुनियां नोट छीनती है,
और फिर भूल जाया करती है हालात बता कर।

क्या आप भी कभी किसी की घीसी चादर को चीरने से चूकना नहीं चाहेंगे?

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"तंग हाथों में के सनसनी सी उठती हैं जरूरतें गीन कर, आंखें रोज आस में सो जाती हैं ख्वाहिशें बुन कर, यूं अदावती मिज़ाज में ये दुनियां नोट छीनती है, और फिर भूल जाती है हालात बता कर।"

तंग हाथों में के सनसनी सी उठती हैं जरूरतें गीन कर,
आंखें रोज आस में सो जाती हैं ख्वाहिशें बुन कर,
यूं अदावती मिज़ाज में ये दुनियां नोट छीनती है,
और फिर भूल जाती है हालात बता कर।

क्या आप भी कभी किसी की घीसी चादर को चीरने से चूकना नहीं चाहेंगे?

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