Anokhi

Anokhi Lives in Akola, Maharashtra, India

I believed that our magic make a happy life so always try to spread magic and help to make a happest world

  • Popular
  • Latest
  • Repost
  • Video

""

"सुबह के दस्तक से तारे कहा छुप जाते है जिंदगी के सच से ख्वाब क्यो छुप जाते है क्यो एक के आहट से दुसरा मुह मोड़ लेता है क्या दिन की चमक हम तारो के साथ नही देख सकते ..."

सुबह के दस्तक से 
तारे कहा छुप जाते है 
जिंदगी के सच से
ख्वाब क्यो छुप जाते है 
क्यो एक के आहट से
दुसरा मुह मोड़ लेता है

क्या
दिन की चमक हम तारो के साथ नही देख सकते ...

थोड़ी उलझन है.......... #nojoto #nojotohindi

54 Love

""

"अश्क़ अश्क बिन कहे सब कह जाते है । दिल की बात आखों से बया कर जाते है। कभी कभी बेहेकेभी हँसते है । चुप रहके भी ख्वाबो को मंजिल दिखाते है।"

अश्क़ अश्क बिन कहे सब कह जाते है ।
दिल की बात आखों से बया कर जाते है।
कभी कभी बेहेकेभी हँसते है ।
चुप रहके भी ख्वाबो को मंजिल दिखाते है।

 

53 Love

""

"और मेरा मन बैठे जा रहा था टाइम तो अपना काम कर रहा था आगे बढ़े ही जा रहा था लेकिन ये दिल तो वहीं ठेहरा हुआ था एक सवाल ने मुझे उलझा रखा था और जवाब के ख्वाहिश ने मुझे सोने नहीं दिया था एक एहेसास था मिठास किसने अपना दिल खोल रखा था और मेरी हा की शायद ओ रहा देख रहा था मेरे आंखों में ओ बसा था लेकिन इस हातो में किसी और की मेहेदी लगी थी एक रात में सब कुछ बदलने वाला था मेरे खुशियों की चाबी मेरे पास थी लेकिन में उस कुलूप को खोल नहीं सकती थी क्यूकी में दो घरों का कुलूप (इजत) बन गई थी।"

और मेरा मन बैठे जा रहा था
टाइम तो अपना काम कर रहा था 
आगे बढ़े ही जा रहा था 
लेकिन ये दिल तो वहीं ठेहरा हुआ था
एक सवाल ने मुझे उलझा रखा था
और जवाब के ख्वाहिश ने मुझे सोने नहीं दिया था
एक एहेसास था मिठास 
किसने अपना दिल खोल रखा था 
और मेरी  हा की शायद ओ रहा देख रहा था
मेरे आंखों में ओ बसा था 
लेकिन इस हातो में किसी और की मेहेदी लगी थी
एक रात में सब कुछ बदलने वाला था
मेरे खुशियों की चाबी मेरे पास थी
लेकिन में उस कुलूप को खोल नहीं सकती थी
क्यूकी में दो घरों का कुलूप (इजत) बन गई थी।

 

49 Love

कुछ बात शायद पूरी होने वाली है........

45 Love
147 Views

""

"I don't know where 'm going.........."

I don't know 
where 'm going..........

#Way #true #False

44 Love