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"पहले हम किसी का ख़्वाब थे, धीरे धीरे हम उनकी ख्वाहिश बने, और अब हम उनकी जरूरत बन गए हैं। _sweety yadav"

पहले हम किसी का ख़्वाब थे,
धीरे धीरे हम उनकी ख्वाहिश बने,
और अब हम उनकी जरूरत बन गए हैं।


_sweety yadav

# unke badlte roop 🤔🤔🤔 @Mayank Yadav @Inner Voice @RUHANIYAT Manish razzz ##EKLAVYA##💞💞 @hm alam siddiqui

22 Love

"उस सर्द सुबह को उसने मिलने बुलाया था और हम भी पूरी रात ख्याल बुनते हुए सुबह का इंतज़ार कर रहे थे,, आखिर सुबह भी हो गयी हम तैयार भी हो गए..... लेकिन कुछ बहुत बड़ी रुकावट हमारा इंतज़ार कर रही थी...,, उस तक पहुंचने का रास्ता लगभग बंद दिखने लगा,, हम भी कहा हार मानने वाले थे हिम्मत कि और चल दिए उससे मिलने.. पहली चुनौती किसी तरह पार करके आगे बढे,, लेकिन दूसरी और सबसे बड़ी चुनौती अभी बाकि थी.. और वो लगातार इंतज़ार मे फ़ोन लगाए जा रहा था,, मै भी उलझन मे थी कि कैसे बताऊ कि क्या परेशानी खड़ी हो गयी,, लेकिन कहते है कि अगर सच मे मन से मन मिल जाता है तो बिना बोले भी सामने वाला आपकी परेशानी समझ लेता है..... और फाइनली मै पहुँच गयी थी और सामने वो मेरी समस्या का हल लेकर खड़ा मेरा इंतज़ार कर रहा था,, उस दिन से मुझे खुद से ज्यादे उसपर भरोसा हो गया... उस दिन मै निराश होकर गयी थी लेकिन एक बहुत ही बड़ी बिश्वास कि डोर उसने बांध दी मेरे मन में,, सब कुछ बहुत अच्छा था हम लोग हँस रहे थे एक दूसरे को जी भर कैद कर रहे थे अपनी नज़रो में.. लेकिन इन सब के बीच मै डर रही थी और न चाहते हुए भी आँखों मे आँसू आ रहे थे,, वो नहीं चाहता था कि मै उदास रहूं या मेरी आँखों मे आँसू आये.. पर वो कहाँ रुकने वाले थे,, बहुत अच्छे और यादगार पल बीते हमारे बीच,, कितने वादे किये हमने एक दूसरे से,, एक दूसरे को हिम्मत देते हुए हम निकल गए थे अपनी अपनी घरौंदें कि तरफ जहाँ इंतज़ार मे थी हम दोनों कि जिम्मेदारी जिसे हमें निभाना था बिना किसी शिकायत के...... वो जा रहा था हमसे हमारी हिफाज़त का वादा लिये.,, हम बहुत अकेले पड़ रहे थे उसको दूर जाते देख खुद को रोकना बहुत मुश्किल लग रहा था लेकिन वादा किये थे नहीं रोयेंगे तो आँसू भी नहीं लाने थे पर दिल तो रोये जा रहा था,, आखिरी बार लिपट के ज़ब अलग हुए तो मानो सब कुछ थम गया हो मेरे आगे कुछ दिख नहीं रहा था मै भारी कदमो से आगे बढ़ रही थी लेकिन मेरी जान पीछे छूट रही थी, मै रोना चाहती थी उसे रोक लेना चाहती थी लेकिन ये संभव नहीं था..... और ज़ब पीछे देखा तो वो जा चूका था,,सूर्यास्त होने वाला था...... मै भी बढ़ गयी अपनी दुनिया मे खुद से एक वादा कर के कि जाऊँगी एक दिन उसके शहर उसकी होकर जहाँ होगी एक सर्द सुबह जिसमे कोई बिरह नहीं होगा,, होगा तो सिर्फ प्रेम //! हम तुम ❤️"

उस सर्द सुबह को उसने मिलने बुलाया था और   हम भी पूरी रात ख्याल बुनते हुए सुबह का इंतज़ार कर रहे थे,, आखिर सुबह भी हो गयी 
हम तैयार भी हो गए..... लेकिन कुछ बहुत बड़ी रुकावट हमारा इंतज़ार कर रही थी...,, 
उस तक पहुंचने का रास्ता लगभग बंद दिखने लगा,, हम भी कहा हार मानने वाले थे हिम्मत कि और चल दिए उससे मिलने.. पहली चुनौती किसी तरह पार करके आगे बढे,, लेकिन दूसरी और सबसे बड़ी चुनौती अभी बाकि थी.. और वो लगातार इंतज़ार मे फ़ोन लगाए जा रहा था,, मै भी उलझन मे थी कि कैसे बताऊ कि क्या परेशानी खड़ी हो गयी,, लेकिन कहते है कि अगर सच मे मन से मन मिल जाता है तो बिना बोले भी सामने वाला आपकी परेशानी समझ लेता है..... और फाइनली मै पहुँच गयी थी और सामने वो मेरी समस्या का हल लेकर खड़ा 
मेरा इंतज़ार कर रहा था,, उस दिन से  मुझे खुद से ज्यादे उसपर भरोसा हो गया... उस दिन मै निराश होकर गयी थी लेकिन एक बहुत ही बड़ी बिश्वास कि डोर उसने बांध दी मेरे मन में,, सब कुछ बहुत अच्छा था हम लोग हँस रहे थे एक दूसरे को जी भर कैद कर रहे थे अपनी नज़रो में.. लेकिन इन सब के बीच मै डर रही थी और न चाहते हुए भी आँखों मे आँसू आ रहे थे,, वो नहीं चाहता था कि मै उदास रहूं या मेरी आँखों मे आँसू आये.. पर वो कहाँ रुकने वाले थे,, बहुत अच्छे और यादगार पल बीते हमारे बीच,, कितने वादे किये हमने एक दूसरे से,,  एक दूसरे को हिम्मत देते हुए हम निकल गए थे अपनी अपनी घरौंदें कि तरफ जहाँ इंतज़ार मे थी हम दोनों कि जिम्मेदारी जिसे हमें निभाना था बिना किसी शिकायत के...... वो जा रहा था हमसे  हमारी हिफाज़त का वादा लिये.,, हम बहुत अकेले पड़ रहे थे उसको दूर जाते देख खुद को रोकना बहुत मुश्किल लग रहा था लेकिन वादा किये थे नहीं रोयेंगे तो आँसू भी नहीं लाने थे पर दिल तो रोये जा रहा था,, आखिरी बार लिपट के ज़ब अलग हुए तो मानो सब कुछ थम गया हो मेरे आगे कुछ दिख नहीं रहा था मै भारी कदमो से आगे बढ़ रही थी लेकिन मेरी जान पीछे छूट रही थी, मै रोना चाहती थी उसे रोक लेना चाहती थी लेकिन ये संभव नहीं था..... और ज़ब पीछे देखा तो वो जा चूका था,,सूर्यास्त होने वाला था......  मै भी बढ़ गयी अपनी दुनिया मे खुद से एक वादा कर के कि जाऊँगी एक दिन उसके शहर उसकी होकर जहाँ होगी एक सर्द सुबह जिसमे कोई बिरह नहीं होगा,, होगा तो सिर्फ प्रेम //!
हम तुम ❤️

#Sard_subh_ki_mulakat #💞💞

20 Love
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