ये दुआ है मेरी रब से हर किसी को कोई ऐसा मिले जो उसकी आंखे नम ना होने दे फैसला आज तलक ना कर पाये बदकिस्मत हम थे या बेवफा तुम थे कितना और दर्द होगा जीने में बस जिंदगी इतना बता दे या कुछ यूं खुदा करे मेरी हस्ती ही मिटा दे यूं घुट-२ जीने से तो मौत बेहतर है या खुदा ऐसी नीद सुला दे फिर ना कभी खुले ये आंखे काश रास्ते में फिर कोई अस्पताल ना मिले और ना जीने में इतना दर्द मिले ©Lalit Mohan Joshi #SeptemberCreator #nojoto #poetry #Heartvoice #Books Dr Priyanka Priyam Nojoto Sandeep Dwivedi