सुगंध के बिना पुष्प तृप्ति के बिना प्राप्ति ध्येय के बिना कर्म एवं प्रसन्नता के बिना जीवनव्यर्थ है.. इसीलिए सदा प्रसन्न रहिए!! ©Gautam Kothari सुगंध के बिना पुष्प तृप्ति के बिना प्राप्ति ध्येय के बिना कर्म एवं प्रसन्नता के बिना जीवनव्यर्थ है.. इसीलिए सदा प्रसन्न रहिए!! #आर्यवर्त