White यदि आप सोचते हो , कि किसी विशेष स्थान पर नहाने मात्र से, आपके पाप धूल जाएंगे और आप पवित्र हो जाएंगे तो आप गलत हैं क्योंकि ,पवित्र और अपवित्र होना आपके विचारों की स्थिति है वो तभी बदल सकती है जब आप अंदर से अपने आपको सकारात्मकता से निहलाएं एवं अपने अंदर ज्ञान का दीप जलाएं अन्यथा बाहर के स्नान से, तो बाहरी शरीर साफ होगा आप रहोगे वैसे ही जैसे आप पहले थे ©Er.Mahesh #पॉजिटिव_लाइफ